पेड़ पौधों बचाए ( Save tree in Hindi )

पेड़ पौधों बचाए ( Save tree in Hindi )

पेड़-पौधे पर्यावरण की सुरक्षा के लिए  महत्वपूर्ण हैं। पेड़ और जंगल हमारे मित्र हैं। पेड़ों पर पक्षियों के घोंसले और घोंसलों में पक्षियों के चहकने से वीरान जीवन में संगीत भर जाता है। हमारे जीवन के लिए शुद्ध हवा आवश्यक है, जो हमें पेड़ों और हरी वनस्पतियों से मिलती है।हमारी दुनिया पेड़ -पौधों तथा झाड़ियों के साथ ही जीवित है। धरती पर कई प्रकार के पेड़ -पौधे हैं जिनकी अपनी -अपनी विशेषता है।  अगर आपको पेड़ों और उनको बचाने के बारे में जानना है तो हमारे इस ब्लॉग पोस्ट “पेड़ पौधों बचाए ( Save tree in Hindi )” को पढ़े और अच्छी जानकारी लीजिये।

पेड़ पौधों के लाभ (IMPORTANCE OF TREES )

पेड़ पौधों के लाभ (IMPORTANCE OF TREES )

पेड़ -पौधे धरती को हरा -भरा रखतें हैं।रात की रानी भी वातावरण को सुगंधित बना देती है। सफेदा धरती की नमी कम करने में मदद करते हैं। तुलसी कई बीमारियों को ठीक करती है। जिन स्थानों में पेड़ -पौधे बड़ी मात्रा में होतें है उन स्थानों पर रहने में काफ़ी आनंद आता है इसीलिए हर साल लोग छुटियों में पहाड़ों में घूमने के लिए जातें  हैं तथा वहां अपने मस्ती के कुछ दिन बितातें हैं। पेड़ -पौधों का हरेक हिस्सा हमें कुछ न कुछ प्रदान करता है जैसे की इसका तना ,पत्तियां ,फल ,फूल ,जड़ आदि भी बहुत लाभकारी है। पेड़ -पौधों के कारण ही हमारी पृथ्वी पर जीवन संभव है तथा इसकी यही विशेषता इसे बाकि ग्रहों से अलग बनाती है। यह अनुमान है कि एक पूर्ण विकसित पेड़ वाहनों में इस्तेमाल होने वाले 30 लीटर पेट्रोल की प्रदूषित हवा को साफ कर सकता है। पेड़ कार्बन डाइऑक्साइड को अवशोषित करते हैं और ऑक्सीजन प्रदान करते हैं।पेड़ -पौधों के हमारे तथा सभी जीव -जंतुओं के ऊपर काफी उपकार हैं।  

  1. पेड़ हवा से कार्बन डाइऑक्साइड ले कर हमें ऑक्सीजन देते हैं, जो हमारे तथा सभी प्राणियों के लिए बहुत महत्वपूर्ण है।
  2. पेड़ हमारे वातावरण में हवा को साफ तथा स्वच्छ रखतें हैं जिससे वायु प्रदुषण जैसी समस्या उत्पन नहीं होती।
  3. पेड़ों की जड़ें मिट्टी को जकड़े रखतीं हैं जिससे हम भूमि के कटाव से तथा बाढ़ के खतरे से बच सकतें हैं। 
  4. पेड़ -पौधे पशु पक्षियों का आवास स्थान भी होतें है। पक्षी पेड़ों पर अपने घोंसले बनातें हैं तथा जंगली पशु जंगलों में रहतें हैं। 
  5. पेड़ -पौधे लोगों की जीविका या व्यवसाय का साधन भी होते हैं।  यह हमें छोटी बड़ी हर वस्तुएं प्रदान करतें हैं। 
  6. पेड़ -पौधे अपनी छांव से जल वाष्पीकरण को रोकतें हैं तथा राहगीरों को ठंडी छांव भी प्रदान करतें हैं। 
  7. पेड़ भूमि को उपजाऊ बनाते हैं। पेड़ों की पत्तियाँ भूमि को उपजाऊ बनाने में लाभकारी हैं। 
  8. पेड़ मिट्टी में पानी के स्तर को बनाए रखते हैं। बारिश के दिनों में पेड़ों की जड़ें बारिश के पानी को भूमिगत स्तर पर ले जातीं हैं। 
  9. पेड़ों के कारण ही वर्षा सही मात्रा में हो पाती है जिससे नदियों ,तालाबों और भूमिगत पानी में वृद्धि होती है। 
  10. पेड़ उद्योगों में कच्चा माल प्रदान करतें हैं। इनसे हमें सूखी लकड़ी भी प्राप्त होती है जिसका इस्तेमाल हम आग जलाने , फर्नीचर बनाने आदि जैसे अनेकों ही कार्यो में करतें हैं। 
  11. पेड़ -पौधे हमारे भोजन के लिए फल तथा सब्जियाँ भी प्रदान करतें हैं। 
  12. पेड़ों के कारण ही ओज़ोन परत को संभाल पातें हैं। पेड़ पर्यावरण में तापमान को बढ़ने नहीं देते हैं।

पेड़ों से हमें अनेक प्रकार की दवाइयाँ भी मिलतीं हैं जैसे कि नीम का पेड़ कई बिमारियों को रोकने में कारागार साबित होता है तथा  नीम पर्यावरण को स्वच्छ रखने में मदद करता है। नीम ,किकर, फलाही, टाहली पेड़ दातून के रूप में इस्तेमाल करतें हैं । कई हरी जड़ी-बूटियाँ औषधीयाँ बनाने के काम आतीं  हैं।

पृथ्वी पर जीवन पेड़ों की वजह से ही मुमकिन है। हमें पेड़ों की महत्वता को समझकर उचित प्रयास करने होंगे। हमारा पूरा जीवन ही पेड़ों का कर्जदार है क्योंकि पेड़ों ने निस्वार्थ होकर हमें सब कुछ दिया है। अंत अब हमारी बारी है उनके लिए कुछ करने की, हमें उन्हें कटने से रोकना होगा और नए पेड़ों को लगाने का काम बड़ी ही ईमानदारी से करना होगा। तभी हम प्रकृति या धरती के सच्चे सपूत साबित हो पाएंगे। 

पेड़ों को काटने के दुष्प्रभाव  ( SIDE EFFECTS OF CUTTING OF TREES )

पेड़ों को काटने के दुष्प्रभाव ( SIDE EFFECTS OF CUTTING OF TREES )

पेड़ -पौधे पृथ्वी पर जीवन जीने के लिए अत्यंत अनिवार्य हैं और यह प्रकृति का संतुलन बनाए रखने में भी विशेष योगदान देतें हैं। पेड़ों पर तरह -तरह के पक्षी अपना घोंसला बनाते हैं और कई वन्य जीवों का यह आवास स्थान भी है।पेड़ -पौधे पर्यावरण को शुद्ध रखतें हैं तथा वायु में फैली हानिकारक कार्बन-डाईआक्सीड को अपने भोजन बनाने की प्रक्रिया में इस्तेमाल कर हमें आक्सीजन प्रदान करतें हैं जो सभी जीवों के जीवन के लिए अत्यंत आवश्यक है। पेड़ -पौधों के पर्यावरण ,व्यवसायिक तथा समाजिक महत्त्व होते हुए भी, हम इनकी धार्मिक विशेषताओं/महत्त्व  के कारण पूजतें भी हैं। पीपल  की छाया के नीचे महात्मा बुद्ध को आत्मज्ञान प्राप्त हुआ था इसलिए पिप्पल की पूजा की जाती है।अशोक वृक्ष ने सीता माता को आश्रय दिया था और महात्मा बुद्ध का जन्म भी अशोकवृक्ष के नीचे ही हुआ था। इस प्रकार भारत में अनेकों पेड़ हैं जिन्हें पूजा जाता है तथा अनेकों फूलों को पूजा के लिए इस्तेमाल भी किया जाता है।ब्रिटिश संगठन के अनुसार, 102 देशों के सर्वेक्षण में पिप्पल सबसे लोकप्रिय पेड़ है। पेड़ -पौधों की अंधाधुन कटाई से हमें बहुत सारे नुक्सान उठाने पड़ रहे हैं। 

  1. पेड़ों की अत्याधिक कटाई के कारण प्रकृति का संतुलन  बिगड़ रहा है, 
  2. पेड़ों की कटाई के  कारण पृथ्वी का तापमान भी हर साल 1 से 2 डिग्री बढ़ रहा है। 
  3. पेड़ों के काटने से वातावरण में स्वच्छता और हरियाली में कमी हो रही है।    
  4. पेड़ों की कटाई के  कारण जीवों की कई प्रजातियाँ अपना आवास खो देती हैं और जिसके कारण कई प्रजातियाँ विलुप्त भी हो चुकी हैं। 
  5. पेड़ वर्षा करवाने का मुख्य कारण होते हैं। सूखा पड़ना,अकाल पड़ना आदि आपदाएं भी पेड़ों के होने पर निर्भर होती हैं । 
  6. पेड़ ना होने के कारण मिट्टी का कटाव अधिक होता है। 
  7. पेड़ों की कटाई के कारण बेमौसमी बारिश ,आंधी,तूफ़ान आतें हैं।   
  8. पेड़ों की कमी के कारण जल, वायु और ध्वनि प्रदूषण अधिक मात्रा में बढ़ रहा है जिसके कारण गंभीर बीमारियां फ़ैल रहीं हैं 
  9. पेड़ों की कटाई के कारण भूमिगत जल का स्तर घटता ही जा रहा है |
  10. पेड़ों की कटाई के कारण रेगिस्तान की ज़मीन में बढ़ोतरी हो रही है। 
  11. मिट्टी की उपजाऊ क्षमता भी धीरे-धीरे समाप्त हो रही  है।  
  12. पेड़ों की कटाई के कारण ग्लोबल वार्मिंग जैसी जटिल समस्या उत्पन्न हो गई है।
  13. वायुमंडल की ओज़ोन परत को भी काफी नुकसान हो रहा है जो कि एक चिंता का विषय है। 
  14. प्राकृतिक संतुलन बिगड़ने के कारण धरती तथा जल में रह रहे कई जीव-जंतु विलुप्त हो रहें हैं।      

पेड़ -पौधे तथा प्रकृति का संबंध बहुत ही पुराना है। यह हमें भोजन के साथ -साथ बहुत सारी सुख -सुभिधाएँ प्रदान करतें हैं। हमारे जन्म से लेकर मृत्यु तक पेड़ हमारे साथ होतें हैं। पेड़ हमारी जिंदगी का एक अभिन्न अंग हैं हमें इसकी रक्षा करनी चाहिए। हमें पेड़ों को बचाने के प्रयास तथा नए पेड़ लगाने चाहिए। पेड़ हमारी जरूरत है और इनके कटाव से हमें भारी समस्यायों का सामना करना पड़ेगा इसलिए हमें प्रकृति व अपने जीवन में शांति , हरियाली तथा संतुलन बनाए रखने के लिए वृक्षारोपण पर ज़ोर देना चाहिए। 

पेड़ों को बचाने के उपाय (  HOW TO SAVE TREES )

पेड़ों को बचाने के उपाय ( HOW TO SAVE TREES )

पेड़ों में पक्षियों के घोंसले और घोंसलों में पक्षियों के चहकने से वीरान जीवन में संगीत भर जाता है।हमारे अस्तित्व के लिए शुद्ध हवा आवश्यक है, जो हमें पेड़ों और हरी वनस्पतियों से मिलती है। पर्यावरण की रक्षा के लिए, मैदानी क्षेत्र का 30% का भाग पेड़ों और जंगलों से ढका होना चाहिए। पहाड़ी क्षेत्रों में 60% भूमि का भाग को वनों से भरा होना चाहिए। पूर्व-उत्तर राज्यों में 80% वन हैं जिन्हें हमें संरक्षित करने की आवश्यकता है।1976 में,  संविधान की 42 वी धारा में  संशोधन कर अनुच्छेद 48A को भारतीय संविधान में जोड़ा गया था। अनुच्छेद 48A के अनुसार, प्रत्येक नागरिक का कर्तव्य है कि वह पर्यावरण, पेड़ों और वन्य जीवन की रक्षा करे। भारत के सर्वोच्च न्यायालय ने फैसला दिया था कि वन क्षेत्र में कोई गैर-वन गतिविधियाँ नहीं होनी चाहिए, जैसे कि वन निवास, कारखाने, खदानें आदि। लेकिन यह दुर्भाग्यपूर्ण है कि भारत में हर साल 4 लाख एकड़ भूमि से पेड़ों को काटा जा रहा है।

  1. हमें वातावरण को बचाने के लिए वृक्षारोपण/पेड़ लगाने पर ज़ोर देना चाहिए। 
  2. हमें पेड़ों को काटने का कारण पता करना चाहिए और अगर आवश्कता न हो तो पेड़ काटना नहीं चाहिए। 
  3. अगर किसी जगह से पेड़ को काटा जा रहा है तो हमें उसके बदले में दोबारा पेड़ लगाना चाहिए। 
  4. पेड़ों की महत्ता को समझते हुए हमें जागरूकता फ़ैलानी चाहिए। 
  5. सड़कों, नदियों तथा रेल मार्गों के निर्माण में काटे जा रहे पेड़ों की जगह नए पेड़ लगाने चाहिए। 
  6. सरकारी तथा गैर सरकारी इमारतों की खाली जगह पर भी पेड़ लगाने चाहिए। 
  7. आजकल की परिस्थितियों के हिसाब से हर घर के आँगन में एक पेड़ लगा होना चाहिए।     
  8. पेड़ों की कटाई पर पूर्ण प्रतिबंध होना चाहिए।
  9. पर्यावरण की सुरक्षा के लिए पहाड़ी क्षेत्र में 60% भूमि पेड़ों तथा जंगलों से भरी होनी चाहिए और मैदानी क्षेत्र में  30% पेड़ पौधे होने चाहिए। 
  10. हमें पेड़ों की सुरक्षा के लिए पेड़ों के पास आग नहीं लगानी चाहिए।  
  11. हमें पेड़ों की खेती पर भी ज़ोर देना होगा जिससे अपना पर्यावरण शुद्ध रहे और साथ ही रोज़गार का साधन भी मिल सके। 
  12. हमें घर के आसपास खाली जगहों पर फलों के पेड़ लगाने चाहिए।                     
  13. 5 जून को पर्यावरण दिवस के अवसर पर नए पेड़ लगाने चाहिए तथा लोगों में जागरूकता फैलानी चाहिए।                                    

पेड़ों की अत्यधिक कटाई पर रोक लगाने तथा जागरूकता फ़ैलाने का समय है। सभी लोगों तक पेड़ों को बचाने के संदेश पहुंचाने होंगे। पर्यावरण की सुरक्षा के लिए वन और वृक्ष महत्वपूर्ण हैं। पृथ्वी के जीवों का जीवन पेड़ों पर निर्भर करता है इसलिए पेड़ों के बिना जीवन की कल्पना करना असंभव है। हमें नई पीढ़ी तथा स्कूली बच्चों को साथ लेकर इस कार्य में जुड़ना चाहिए। पेड़ प्रकृति की बहुमूल्य देन हैं इसलिए हमें इसे काटना नहीं चाहिए। 

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सारांश – पेड़ पौधों बचाए ( Save tree in Hindi )

हम यह आशा करते है की इस पोस्ट “पेड़ पौधों बचाए ( Save tree in Hindi )” में आपको अच्छी जानकारी मिली होगी। चलो हम अब इसका सार जानने का प्रयास करते है।

पेड़-पौधे पर्यावरण की सुरक्षा के लिए महत्वपूर्ण हैं।
पेड़ पौधों के कई लाभ है।
पेड़ों को काटने के कई दुष्प्रभाव भी है।
हम पेड़ों को बचाने के कई उपाय कर सकते है।

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